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बात-बात पर आता है गुस्सा, तो करें डाइट में ये शामिल

९ फ़रवरी, २०१८ ९:१३ पूर्वाह्न
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बात-बात पर आता है गुस्सा, तो करें डाइट में ये शामिल

Ranchi : कहते है गुस्सा इंसान को खा जाता है. अगर आप भी बात-बात पर गुस्सा आता है और अक्सर तनाव में या फिर नाराज रहते हैं? तो इस आदत पर काबू पा लें. आप जितना गुस्सा करेंगे, उतना ही ज्यादा यह आपकी सेहत के लिए नुकसानदायक साबित होगा. कुछ लोग गुस्से पर नियंत्रण करने के लिए दवाओं का सहारा लेते हैं, लेकिन कुछ चीजों के सेवन से भी आप गुस्से पर काबू पा सकते हैं. वैज्ञानिकों के अनुसार यह भावना व्यक्त करने का माध्यम है, जैसे हम जब ज्यादा परेशान हो जाते हैं, या हमारे मन में कोई डर बैठ जाता है या फिर हमें किसी चीज के खो जाने का डर होता है जैसे हमारे अपने, हमारी इज्जत, संपत्ति, या खुद की पहचान. और खास कर तब, जब हमारे पास ऐसे हालत से निपटने के लिए कोई हल नजर नहीं आता.

उदाहरण के लिए: हम किसी को कोई बात समझाना चाहते हैं, और वह व्यक्ति उस बात को समझने की बजाय आप से वाद-विवाद करने लगे...तो आप अपनी भावना को व्यक्त करने के लिए गुस्से का सहारा लेते हैं . या फिर हमें पता चलता है, कि हमारे अपनों को, कोई नुकसान पहुंचाना चाहता है पर हम कुछ कर नहीं पाते हैं, तो हमें खुद पर गुस्सा आता है. हम गुस्से में अपना साधारण स्वभाव भूल जाते है, क्योंकि इसकी वजह से हमारे मस्तिष्क में हॉर्मोन्स के प्रभाव से दिमाग सुन्न हो जाता है, और हमारे सोचने की क्षमता पर असर पड़ता है, हम ऐसा बुरा व्यव्हार करते हैं जिसका बाद में हमें पछतावा होता है. क्रोध से हम सिर्फ अपना ही नहीं, हमारे अपनों की भी हानि करते हैं. हमारे अतिरिक्त गुस्से से वे भी परेशान हो जाते हैं। उन्हें हमारे कठोर जवाबों से दुःख और तकलीफ होती है, धीरे धीरे वह हमसे दूर होने लगते हैं. बाहर भी, क्रोधित इंसान के स्वभाव की वजह से, कोई उन्हें पसंद नहीं करता.

एक अध्ययन में यह बात सामने आयी है कि जिन्हें गुस्सा अधिक आता है, उन्हें चीनी खाना चाहिए. शरीर में शर्करा की अधिक मात्रा गुस्से को नियंत्रित करने में मदद करती है. अमेरिका के ओहियो स्टेट यूनिवर्सिटी ने अपने इस अध्ययन में खाने-पीने में मीठी चीजों का इस्तेमाल न करने और मीठे पेय पदार्थ पीने वाले लोगों के व्यवहार की तुलना की. निष्कर्ष में उन्होंने पाया कि जिन्होंने मीठे पेय पदार्थों का सेवन किया था, उन्हें गुस्सा होते बहुत कम पाया गया. ‘एग्रेसिव बिहेवियर’ जर्नल के अनुसार, शोधकर्ताओं का मानना है कि खून में मौजूद ग्लूकोज से मस्तिष्क को ऊर्जा मिलने की वजह से गुस्सा कम आता है और मीठे पेय पदार्थों से ऊर्जा जल्दी मिलती है.

पित्त दोष या शरीर की अग्नि ऊर्जा बढ़ने से गुस्सा आता है. गुस्सा आए, तो खट्टे फलों जैसे संतरा, नींबू आदि का सेवन कम करें. इनकी जगह ठंडे खाद्य पदार्थों को डाइट में शामिल करें. एल्कोहल एवं कैफीन युक्त खाद्य व पेय पदार्थों, शरीर में गर्मी उत्पन्न करने वाले गर्म एवं मसालेदार चीजों से भी परहेज करें.

कैमोमाइल, तुलसी और गुलाब के चूर्ण से तैयार हर्बल चाय पीने से गुस्सा शांत होता है. तीनों की थोड़ी-थोड़ी मात्रा को एक कप गर्म पानी में डालें. इसे ठंडा होने दें. इस चाय को दिन में तीन बार पीने से पित्त संबंधी पीड़ा शांत होती है.

इसमें विटामिन बी और पोटैशियम होता है, जो मूड को रिलैक्स करने का काम करता है. केला खाने से बहुत हद तक गुस्से पर काबू पाया जा सकता है. ऐसे में जब कभी भी आपको गुस्सा आए, एक-दो केला जरूर खाएं.

स्रोत: newswing.com

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